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कार-विहीन गृहमंत्री के बाद पड़ोसी सीएम भी करके चले गए विपक्ष का निंदा-पाठ रिकार्ड जीत की अपील सब कर गए ताकि रिकार्ड विफलता का दाग मिटाने का बज जाए डंका

 कार-विहीन गृहमंत्री के बाद पड़ोसी सीएम भी करके चले गए विपक्ष का निंदा-पाठ रिकार्ड जीत की अपील  सब कर गए ताकि रिकार्ड विफलता का दाग मिटाने का बज जाए डंका



ढीमरखेड़ा । चुनावी शपथ पत्र  के अनुसार कार विहीन गृह मंत्री अमित शाह ने बरही में और उसके बाद छग के सीएम विष्णुदेव साय ने बाकल में अलाल सांसद प्रत्याशी वी डी शर्मा की सुनिश्चित विजय पर रिकार्ड मतों से जिताने की अपील करते हुए जनता को कांग्रेस का निंदा-चालीसा सुनाया, मोदी को ब्रम्हाण्ड नायक जैसे प्रशंसा के शब्द पुष्पों से नवाजते हुए कई तरह के कोरे-भाव वाले नारे लगाए। मगर ये राज नहीं बताया कि-वी डी शर्मा ने सांसद रहकर पांच साल में कुछ नहीं कर पाए तो उसकी वजह क्या थी और जीतकर क्या करेंगे, क्योंकि यह एक नीरस-उबाऊ-फीकी जीत होनी है, फिर भी जीत तो जीत है। छग सीएम विष्णुदेव कह गए कि कांग्रेस अपना घर नहीं संभाल पाई। श्री साय कृपा करके इतना और बता जाते कि-डबल एंजिन वाली सत्ता और नमो शाह का अमृतप्रेम पीने वाले, विश्व की सबसे विराट भाजपा संगठन के प्रदेशाधिपति का रूतबा धारण करने वाले सांसद वी डी शर्मा जनप्रतिनिधित्व की कसौटी पर- न लीपने के न पोतने जैसे क्यों उतरे ।

कटनी के मतदाता को इस बात से क्या मतलब कि-कांग्रेस अपना घर नहीं संभाल पा रही। उसे तो मतलब है कि विश्वगुरू की गरिमा वाले भाजपा-गृह धाम ने खजुराहो संसदीय क्षेत्र को कितना संभाला। एक दो काम ही गिना जाते कि आपके क्षेत्र में बी डी भैया ने 2019 से 2023 तक  विकास के समुंदर में कटनी को कब-कब कितनी गहराई में डुबोकर रख दिया। याद दिलाना व्यर्थ होगा कि-मेडिकल कालेज,सेंट्रल स्कूल, वाशिंग यार्ड,डीआरएम का सब आफिस, मंगलनगर रेलवे ओव्हर ब्रिज, बाकल-रीठी के पठार क्षेत्र की पेयजल संकट के लिए विराट स्वरूप प्रत्याशी विष्णुदत्त शर्मा ने कितनी बार आंखें खोलीं, या मजबूती से बंद क्यों रखीं। 

जनता यह जानना चाहती है कि विश्व-विराट पार्टी के विराट स्वरूप सांसद  के रहते  जिले की धरती की छाती छप्पन-छप्पन सौ मीटर की गहराई तक अवैध खनन माफिया ने कैसे फाडक़र रख दी।

नदियों में युद्धस्तरीय मशीनी खनन ने गांव का जलस्तर पाताल में भेज दिया। हर तरह का खनिज व्यापार जिसे भाजपाई नेता का संरक्षण था, वह रायल्टी चोरी बिना टी पी के चलता रहा।  जिले की मीडिया ने कैमरे के सामने वी डी भाईसाब को  बताया, लेकिन अवैध खनिज खनन का कारोबार थमने की वजाय गगनचुंबी ऊंचाईयों  को स्पर्श करता रहा।

*कटनी-पन्ना रेल लाइन के लिए क्या किया*

 चलिए कोई बात नहीं मेडिकल-स्कूल आदि तो सनातन काल से जनता मांग रही और भाजपाई डबल एंजिन के रनिंग स्टॉफ दृष्टि में यह सब कटनी की फिजूल मांग हो सकती हैं, तो जनहित कार्यो  से पांच साल तक  वैरागी बने -वी डी भैया ने ध्यान नहीं दिया,रस्मी-खत लिखकर छोड़ दिया। मगर एक प्रयास तो कटनी से पन्ना को रेलमार्ग से जोडऩे का हो सकता था, इसके लिए  पूर्व विधायक राजू पोद्दार ने रचनात्मक आन्दोलन भी किए थे, जिसमें डबल एंजिन वाली सत्ता ने  जिसे आध्यात्मिक फ्यूल्स से चलने का दावा किया जाता है, इस लिहाज  से तो इस लिहाज से श्री पोद्दार की  स्वस्थ हित वाली राय को सर्वोच्च  प्राथमिकता मिलनी थी, क्यों नहींं प्रोजेक्ट बना बजट में नहीं आया, कोई जवाब विराट नेताओं की सभा से सामने नहीं आया। विपक्ष का निन्दा पुराण सुनाकर अपनी विराट असफलता को ढांपने के ऐसे प्रयास जनता की समझ से बाहर है। इसीलिए विपक्ष विहीन चुनाव में रिकार्ड विजय का डंका बज जाए तो सांसद की विफलता की आवाजें मंद पड़ जाएंगी l

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