बिचुआ में बीएसएनएल नहर जैसी खुदाई से बढ़ा हादसों का खतरा, ग्रामीणों में नाराजगी, जिम्मेदारों से सुरक्षा इंतजाम और सुधार की मांग
बिचुआ में बीएसएनएल नहर जैसी खुदाई से बढ़ा हादसों का खतरा, ग्रामीणों में नाराजगी, जिम्मेदारों से सुरक्षा इंतजाम और सुधार की मांग
ढीमरखेड़ा । ग्राम पंचायत बिचुआ क्षेत्र में बीएसएनएल के कार्य के दौरान सड़क किनारे नहर जैसी गहरी खुदाई किए जाने से ग्रामीणों के सामने परेशानी खड़ी हो गई है। ग्रामीणों का कहना है कि खुदाई के बाद मौके पर पर्याप्त सुरक्षा इंतजाम नहीं किए गए हैं, जिसके कारण आए दिन हादसे होने की स्थिति बनी रहती है। ग्रामीणों के अनुसार बीएसएनएल केबल आदि कार्य के लिए सड़क किनारे लंबी और गहरी खुदाई की गई है। कई स्थानों पर खुदाई खुली पड़ी होने के कारण राहगीरों और वाहन चालकों को आवागमन में परेशानी हो रही है। रात के समय स्थिति और भी गंभीर हो जाती है, क्योंकि खुदाई वाले स्थानों पर पर्याप्त संकेतक, बैरिकेडिंग या प्रकाश की व्यवस्था नहीं होने से लोगों को खतरे का अंदेशा बना रहता है। ग्रामीणों ने बताया कि गांव में आने-जाने वाले लोगों के साथ-साथ दोपहिया वाहन चालकों को भी इन गड्ढों के कारण परेशानी उठानी पड़ रही है।बच्चों और बुजुर्गों के लिए भी यह स्थिति चिंता का विषय बनी हुई है। ग्रामीणों का आरोप है कि कार्य के दौरान सुरक्षा मानकों का ध्यान नहीं रखा जा रहा है और खुदाई के बाद मार्ग को व्यवस्थित तरीके से बहाल नहीं किया गया।
*हादसे की आशंका, जिम्मेदारों से कार्रवाई की मांग*
ग्रामीणों ने प्रशासन एवं संबंधित विभाग के अधिकारियों से मांग की है कि मौके का निरीक्षण कर खुली खुदाई को तत्काल सुरक्षित कराया जाए। जहां आवश्यक हो वहां बैरिकेडिंग, चेतावनी संकेतक और रात में दिखाई देने वाली व्यवस्था की जाए, ताकि किसी बड़ी दुर्घटना को रोका जा सके। ग्रामीणों का कहना है कि विकास कार्य जरूरी हैं, लेकिन कार्य के दौरान आम लोगों की सुरक्षा भी सुनिश्चित की जानी चाहिए। यदि समय रहते खुदाई वाले स्थानों को सुरक्षित नहीं किया गया तो किसी बड़े हादसे की स्थिति से इनकार नहीं किया जा सकता। ग्रामीणों ने संबंधित जिम्मेदार अधिकारियों से जल्द कार्रवाई की मांग की है।

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