सीधे मुख्य सामग्री पर जाएं

गरीबों का निवाला डकारने वाले 7 सेल्समैनों पर अधिकारी मेहरबान 42 लाख से अधिक की राशि नहीं करवा सके वसूल मात्र 1 सेल्समैन पर एफआईआर, शेष पर दिखा रहे मेहरबानी

 गरीबों का निवाला डकारने वाले 7 सेल्समैनों पर अधिकारी मेहरबान

42 लाख से अधिक की राशि नहीं करवा सके वसूल 

मात्र 1 सेल्समैन पर एफआईआर, शेष पर दिखा रहे मेहरबानी 


ढीमरखेड़ा । ढीमरखेड़ा विकासखंड अंतर्गत विभिन्न राशन दुकानों में पदस्थ 7 सेल्समैनों पर लाखों रुपये की रिकवरी जांच उपरांत निकाली गई और उक्त सभी 7 सेल्समैनों पर 42 लाख से अधिक की वसूली हेतु नोटिस जारी किये गये जिसका पालन संबंधित अधिकारियों द्वारा नहीं किया गया और आज दिनांक तक किसी भी सेल्समैन से राशि की वसूली अधिकारी नहीं करवा सके। मात्र 1 सैल्समैन के विरुद्ध एफआईआर दर्ज करवाकर अपनी वाहवाही लूट रहे है।  

उल्लेखनीय है कि कार्यालय कलेक्टर (खाद्य शाखा) जिला कटनी के द्वारा पत्र क्रमांक-2955/प्रकरण/2023 दिनांक 25.09.2023 के माध्यम से अनुविभागीय अधिकारी ढीमरखेड़ा को स्मरण पत्र जारी किया गया, जिसमें यह लेख किया गया कि ढीमरखेड़ा क्षेत्र के अंतर्गत संचालित शासकीय मूल्य दुकान के विक्रेताओं द्वारा गंभीर अनियमित्ता करते हुये खाद्यान सामग्री का अपयोजन किया गया। इस संबंध में अपयोजित सामग्री की राशि वसूली हेतु आदेश भी पारित किये गये है। बावजूद इसके अधिकारी आज दिनांक तक किसी भी सैल्समैन से उपयोजन खाद्यान सामग्री की राशि वसूल करने में असमर्थ रहे है। लिहाजा संबंधित सैल्समैनों के द्वारा एक ओर जहां शासन को लाखों रुपये का चूना लगाया गया वहीं दूसरी ओर गरीबों को वितरित किये जाने वाले खाद्यान  वितरित नहीं किया गया और जांच में यह बात प्रमाणित हुई बावजूद इसके आज दिनांक तक राशि की वसूली नहीं की जा सकी है। 

*इन सेल्समैन से होना हैं वसूली*

कार्यालय कलेक्टर (खाद्य शाखा) जिला कटनी के द्वारा पत्र क्रमांक-2955/प्रकरण/2023 दिनांक 25.09.2023 के माध्यम से अनुविभागीय अधिकारी ढीमरखेड़ा को स्मरण पत्र जारी किया जो क्रमशः हैः-1.शासकीय उचित मूल्य दुकान मुरवारी क्रमांक-4206017, तत्कालीन विक्रेता रतन पांडे एवं आजम खान पर वसूली राशि 16,50,128/- रुपये, 2.शासकीय उचित मूल्य दुकान सनकुई, क्रमांक-4206020 तत्कालीन विक्रेता दमोदर पटैल एवं राजेश दाहिया, वसूली राशि 12,52,921/- रुपये, 3.शासकीय उचित मूल्य दुकान पिड़रई क्रमाकं-4200004, तत्कालीन विक्रेता आदर्श ज्योतिषी, वसूली राशि 2,80,778/- रुपये, 4.शासकीय उचित मूल्य दुकान देवरी बिछिया क्रमांक-4206005, तत्कालीन विक्रेता-धर्मेन्द्र कुमार पटैल,वसूली राशि 6,20,803/- रुपये,। 5.शासकीय उचित मूल्य दुकान लालपुर क्रमांक-4206029 तत्कालीन विक्रेता मोती लाल गुप्ता , वसूली राशि 4,35,252/- इस प्रकार 7 विक्रेता के द्वारा खाद्यान सामग्री का अपयोजन कर शासन को 42,39,882/- लाख रुपये की क्षति - कारित की गई और जांच में अधिकारियों ने भी यह पाया कि संबंधित सैल्समैनों के द्वारा गरीबों को राशन वितरण न कर उसका उपयोजन किया गया बावजूद इसके आज दिनांक तक संबंधित अधिकारियों के द्वारा राशि की वसूली न करवाया जाना समझ से परे है।  

*आरोप एक, कार्यवाही अलग-अलग* 

स्मरण रहे कि उक्त 7 सैल्समैनों के द्वारा शासकीय खाद्यान सामग्री का अपयोजन कर शासन को 42,39,882/- ब्यालिस लाख उन्तालिस हजार आठ सौ ब्यासी रुपये की क्षति कारित की गई। सेल्समैनों के उपरोक्त कारनामों से गरीब परिवार जहां राशन से वंचित रह गये वहीं दूसरी ओर शासन को भी आर्थिक क्षति कारित हुई। समय-समय पर इस संबंध में ग्रामीणों द्वारा शिकायतें भी की गई लेकिन भ्रष्टाचार में डूबे तथाकथित अधिकारियों ने कार्यवाही करने की जरुरत इन भ्रष्टाचारी सेल्समैनों पर नहीं समझी, अधिकारियों के द्वारा दिये गये संरक्षण के कारण इन सभी सेल्समैनों के द्वारा व्यापक पैमाने पर शासन को आर्थिक क्षति कारित की गई। यहां पर यह भी उल्लेखनीय है कि जिन 7 सेल्समैनों के द्वारा लाखों रुपये का गबन किया उसमें से मात्र एक सेल्समैन उचित मूल्य दुकान लालपुर के विक्रेता मोती लाल गुप्ता के विरुद्ध विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज करवाया गया। शेष अन्य 6 सेल्समैनों पर अधिकारियों के द्वारा मेहरबानी क्यों दिखाई गई यह समझ से परे है। चूंकि सभी सैल्समैनों के द्वारा गरीबों को वितरित किये जाने वाले खाद्यान सामग्री का उपयोजन कर लाखों रुपये का गबन किया है और सभी पर लाखों रुपये की रिकवरी राशि भी निकली बावजूद इसके मात्र एक सैल्समैन के विरुद्ध मामला दर्ज करवाया जाना विधि संगत नहीं है क्योंकि सभी के द्वारा गरीबों के निवाले को डकारकर लाखों रुपये का गबन किया गया है इस कारण से उनके विरुद्ध भी मामला दर्ज करवाया जाना चाहिये।

टिप्पणियाँ

popular post

चलते-चलते राह में, मोड़ अचानक आ गया, हंसता हुआ चेहरा भी पल में ख़ामोश हो गया, ना दस्तक, ना इशारा, ना कोई पैग़ाम आया, मौत ने चुपके से आकर अपना फ़र्ज़ निभाया सड़क दुर्घटना में अतिरिक्त कार्यक्रम अधिकारी मनरेगा भागीरथ पटेल का निधन, क्षेत्र में शोक की लहर

 चलते-चलते राह में, मोड़ अचानक आ गया, हंसता हुआ चेहरा भी पल में ख़ामोश हो गया, ना दस्तक, ना इशारा, ना कोई पैग़ाम आया, मौत ने चुपके से आकर अपना फ़र्ज़ निभाया सड़क दुर्घटना में अतिरिक्त कार्यक्रम अधिकारी मनरेगा भागीरथ पटेल का निधन, क्षेत्र में शोक की लहर कटनी  |  जनपद पंचायत ढीमरखेड़ा में पदस्थ एवं वर्तमान में रीठी में कार्यरत अतिरिक्त कार्यक्रम अधिकारी (मनरेगा) भागीरथ पटेल के असामयिक निधन की दुखद खबर से पूरा प्रशासनिक अमला और क्षेत्र स्तब्ध है। कर्तव्यपथ से घर लौटते समय हुए एक सड़क हादसे में उनका निधन हो गया।इस हृदयविदारक घटना ने न केवल उनके परिवार को गहरे शोक में डुबो दिया है, बल्कि जनपद क्षेत्र के जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों, कर्मचारियों और आम नागरिकों को भी शोकाकुल कर दिया है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, भागीरथ पटेल अपने नियमित शासकीय कार्यों का निर्वहन कर कार्यालय से घर की ओर लौट रहे थे। इसी दौरान मार्ग में उनका वाहन दुर्घटनाग्रस्त हो गया। दुर्घटना इतनी गंभीर थी कि उन्हें गंभीर चोटें आईं । भागीरथ पटेल लंबे समय से मनरेगा योजना के अंतर्गत अतिरिक्त कार्यक्रम अधिकारी के रूप ...

कटनी बिग ब्रेकिंग जिला पंचायत में लोकायुक्त का छापा, रिश्वत लेते लेखापाल रंगे हाथों गिरफ्तार

 कटनी बिग ब्रेकिंग जिला पंचायत में लोकायुक्त का छापा, रिश्वत लेते लेखापाल रंगे हाथों गिरफ्तार कटनी ।  भ्रष्टाचार के खिलाफ अपनी जीरो टॉलरेंस नीति को जारी रखते हुए जबलपुर लोकायुक्त की टीम ने आज कटनी जिला पंचायत कार्यालय में एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। टीम ने जिला पंचायत में पदस्थ लेखापाल (Accountant) सतेंद्र सोनी को 5,000 रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। *क्या है पूरा मामला?* मिली जानकारी के अनुसार, एक ग्राम पंचायत सचिव को सेवा से निलंबित या पृथक किया गया था। उसकी बहाली (Reinstatement) की प्रक्रिया को आगे बढ़ाने और कागजी कार्रवाई के एवज में लेखापाल सतेंद्र सोनी ने 5,000 रुपये की रिश्वत की मांग की थी। सचिव ने इसकी शिकायत जबलपुर लोकायुक्त विभाग से की। *लोकायुक्त की योजनाबद्ध कार्रवाई* शिकायत की पुष्टि होने के बाद, लोकायुक्त की 5 सदस्यीय टीम ने जाल बिछाया। जैसे ही सचिव ने जिला पंचायत कार्यालय में लेखापाल को केमिकल लगे हुए नोट सौंपे, पहले से ही मुस्तैद टीम ने उन्हें धर दबोचा। *आरोपी*: सतेंद्र सोनी (लेखापाल, जिला पंचायत कटनी) *रिश्वत की राशि*: 5,000 रुपये *...

ढीमरखेड़ा में तहसीलदार रहते हुए जमकर बटोरी सुर्खियां अब पहुंच गई रीठी, रीठी तहसील में प्रभारी तहसीलदार की पुनर्नियुक्ति पर विवाद, ग्रामीणों में आक्रोश, उच्च अधिकारियों तक पहुंच हैं लगता हैं मैडम की, जहां लगी थी शिकायत की झड़ी वही पहुंच गई मैडम, चाई - माई घुमा रहा प्रशासन

 ढीमरखेड़ा में तहसीलदार रहते हुए जमकर बटोरी सुर्खियां अब पहुंच गई रीठी, रीठी तहसील में प्रभारी तहसीलदार की पुनर्नियुक्ति पर विवाद, ग्रामीणों में आक्रोश, उच्च अधिकारियों तक पहुंच हैं लगता हैं मैडम की, जहां लगी थी शिकायत की झड़ी वही पहुंच गई मैडम, चाई - माई घुमा रहा प्रशासन  कटनी  |  कटनी जिले की रीठी तहसील एक बार फिर प्रशासनिक फैसले को लेकर चर्चा और विवाद के केंद्र में आ गई है। लंबे समय तक यहां पदस्थ रहीं तहसीलदार आकांक्षा चौरसिया को पूर्व में ग्रामीणों की शिकायतों के बाद हटाया गया था, लेकिन अब जिला प्रशासन द्वारा उन्हें पुनः रीठी का प्रभारी तहसीलदार बनाए जाने के आदेश ने क्षेत्र में असंतोष की लहर पैदा कर दी है। शनिवार को आशीष तिवारी, कलेक्टर, कटनी द्वारा जारी आदेश में प्रशासकीय एवं कार्यालयीन कार्य सुविधा को दृष्टिगत रखते हुए वर्तमान में ढीमरखेड़ा की प्रभारी तहसीलदार आकांक्षा चौरसिया को रीठी का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है। आदेश के सार्वजनिक होते ही क्षेत्र में चर्चाओं और विरोध का दौर शुरू हो गया। *पहले शिकायतें, फिर तबादला, अब दोबारा जिम्मेदारी* ग्रामीणों का कहना है ...