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मुख्यमंत्री के सिहोरा ना आने से सिहोरावासियों में निराशा एवं आक्रोश 25 को सैकड़ो की संख्या में भूख हड़ताल पर बैठ मुख्यमंत्री को सिहोरा बुलाएंगे आंदोलनकारी क्रमिक भूख हड़ताल में बैठा जत्था

 मुख्यमंत्री के सिहोरा ना आने से सिहोरावासियों में निराशा एवं आक्रोश

25 को सैकड़ो की संख्या में भूख हड़ताल पर बैठ मुख्यमंत्री को सिहोरा बुलाएंगे आंदोलनकारी

क्रमिक भूख हड़ताल में बैठा जत्था



 ढीमरखेड़ा - मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान इसी माह लगातार दूसरी बार प्रस्तावित सिहोरा आगमन कार्यक्रम के निरस्त होने से सिहोरावासियों में निराशा और आक्रोश दोनो है। सिहोरा आने की खबरों के बीच ऐसे कयास लगाए जाने लगे थे कि शिवराज सिहोरा के मतदाताओं के लगातार भाजपा को चुनने की कीमत चुकाने आ रहे है। लेकिन ऐसा ना हो सका और लगातार दो बार मुख्यमंत्री ने अपना सिहोरा आने का प्रस्तावित द्वारा निरस्त कर दिया।

जिला बनने की जागी थी आशा  

जानकारों की माने  तो इससे पहले मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान का 9 अगस्त को सिहोरा आना प्रस्तावित था परंतु वह निरस्त हो गया इसके बाद आगामी 25 अगस्त को उनके  आगमन का प्रस्तावित कार्यक्रम मुख्यमंत्री कार्यालय द्वारा जारी भी कर दिया गया।वो फिर निरस्त हो गया। मुख्यमंत्री के आगमन को लेकर सिहोरा में चर्चा का वातावरण था कि इस चुनावी समर में उन्हें सिहोरा जिला की सौगात मुख्यमंत्री जरूर देंगे।

सिहोरा बुलाने लगाएंगे जोर

 ऐसा माना जा रहा है कि माननीय मुख्यमंत्री का सिहोरा की बजाय पाटन विधानसभा के कटंगी में आगमन होना प्रस्तावित हो गया है ।क्योंकि कटंगी से सिहोरा की दूरी ज्यादा नहीं है आंदोलनकारी उस दिन सुबह से ही सैकड़ो की संख्या में भूख हड़ताल पर बैठकर मुख्यमंत्री को कटंगी से सिहोरा बुलाने का आह्वान करने की योजना बना रहे है। इस हेतु उन्होंने विधिवत रूप से एसडीएम सिहोरा को मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के नाम पत्र भी जारी करने का निर्णय लिया है। इसी बीच क्रमिक भूख हड़ताल जारी रही और भूख हड़ताल पर नत्थू पटैल,अजय विश्वकर्मा,सुरेंद्र चौधरी,आशीष चौरसिया पूरे दिन बैठे रहे। जिला पंचायत सदस्य प्रदीप पटैल ने उनकी भूख हड़ताल खत्म कराई।

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