काला पानी कहां जाने वाला ढीमरखेड़ा क्षेत्र में जमकर मलाई आने से कतराते अधिकारी, लेकिन पहुंचते ही भूल जाते स्थानांतरण, नेतृत्व की जगह दलाली ढीमरखेड़ा की राजनीति पर उठे सवाल
काला पानी कहां जाने वाला ढीमरखेड़ा क्षेत्र में जमकर मलाई आने से कतराते अधिकारी, लेकिन पहुंचते ही भूल जाते स्थानांतरण, नेतृत्व की जगह दलाली ढीमरखेड़ा की राजनीति पर उठे सवाल कटनी | कटनी जिले की दूरस्थ मानी जाने वाली ढीमरखेड़ा तहसील इन दिनों एक अजीब विरोधाभास को लेकर चर्चा में है। सरकारी गलियारों में अक्सर यह सुनने को मिलता है कि यहां कोई अधिकारी आना नहीं चाहता। कई अधिकारी इसे मजाकिया अंदाज में “काला पानी” तक कह देते हैं और तर्क देते हैं कि यह क्षेत्र बहुत दूर है, यहां सुविधाएं कम हैं और रहन-सहन भी कठिन है। लेकिन हैरानी की बात यह है कि जब वही अधिकारी एक बार यहां पदस्थ हो जाते हैं तो फिर जाने का नाम नहीं लेते। सूत्रों की मानें तो कई अधिकारी और कर्मचारी यहां से अपना स्थानांतरण रुकवाने के लिए हर संभव कोशिश करते हैं। यहां तक कि क्षेत्र में चर्चा है कि कुछ लोग पैसे खर्च कर भी अपने तबादले को रोकने की जुगत लगाते हैं। यही कारण है कि ढीमरखेड़ा तहसील की प्रशासनिक व्यवस्था अब सवालों के घेरे में आ गई है। *आने से डर, लेकिन जाने का नाम नहीं* ढीमरखेड़ा को लेकर अक्सर यह धारणा बनाई ...