सीधे मुख्य सामग्री पर जाएं

माधवनगर थाने में पीड़ित बुजुर्ग की बेइज्जती तीन दिन से लूट की रिपोर्ट नहीं लिखी

 माधवनगर थाने में पीड़ित बुजुर्ग की बेइज्जती तीन दिन से लूट की रिपोर्ट नहीं लिखी 



कटनी l माधवनगर थाने में तीन दिनों से एक फरियादी बुजुर्ग को अपमानित किया जा रहा है अपमानित इसलिए कि तीन दिन पहले दो अज्ञात युवक उनसे प्रणाम करने के बहाने लिपटे और जेब से पंद्रह हजार रूपये निकाल लिए जेबकटों से प्रताड़ित अपमानित बुजुर्ग जनसेवा आरक्षी केंद्र माधवनगर रिपोर्ट लिखाने पहुंचा तो वहाँ के हेकड़ीदार अहंकारी स्टॉफ ने उसकी रिपोर्ट नहीं लिखकर बुजुर्ग को उसकी औकात का अहसास करा दिया l स्मरण करा दें कि यह वही जनसेवा आश्रम ( थाना ) है जहां तीन दिन पहले एक नागरिक को सूबेदार ने धमकाया था और पुलिसकर्मी फरियादी नागरिक को डपटकर थाने से बाहर जाने के लिए कह रहे थे l  सम्भवतः एसपी के तनावमुक्त होने के नवाचार से सभी पुलिसकर्मी ताज़ादम होकर ऐसा बर्ताव बेफिक्री के साथ करने लगे हैं जिसका स्वाद सीनियर सिटीजन व आम नागरिकों को तबियत से चखाया जा रहा है l तीन दिन पहले बुजुर्ग हजारीलाल पांडे अपने गांव हरदा से अपने बेटे के घर लौटे थे जो टी आई टी कॉलोनी में रहते हैं l बस से उतरकर वो पैदल घर जा रहे थे तो उनकी रेकी कर रहे दो बाइक सवार जेबकट उनके पास पहुंचे l शादी का कार्ड घर में देकर आने की बात शुरू की प्रणाम किया लगभग लिपट गए और जेब से रूपये निकालकर चले गए l  बुजुर्ग को अपनी जेब कटने का आभास घर जाकर हुआ lउन्होंने जेब खाली पाकर माधवनगर थाने का रुख किया l थाने में स्टॉफ ने उन्हें छकाया और रिपोर्ट न लिखकर उनके संवैधानिक अधिकारों की जेबकटी कर ली l  तबसे बुजुर्ग थाने के चककर लगा रहे हैं  अपमानित हो रहे हैं और पंद्रह हजार लूटने वाले माधवनगर पुलिस के प्रति आभार प्रधान विचार रख रहे हैं l मीडिया रिपोर्ट्स में मिली जानकारी के अनुसार पुलिस अधीक्षक कार्यालय के सामने स्थित सुधारान्यास कॉलोनी में ग्राम भरदा निवासी हजारी लाल पांडेय निवास करते हैं। वे प्रतिदिन की तरह गांव से खेती किसानी का काम देखकर बस से लौटे। कलेक्ट्रेट के सामने बस से उतरकर तीन दिन पहले पैदल घर जा रहे थे। एक सीसीटीवी फुटेज में पुलिस ने देखा भी है कि वृद्ध के साथ में बदमाश काफी देर तक गले मिलता रहा। कभी पैर पकड़ रहा था तो कभी जेब में हाथ डाल रहा था। इसी दौरान उसने झांसा देकर जेब से रुपए निकाले  वृद्ध की जेब का शिकार किया और छोड़ दिया। वृद्ध ने घर में जाकर पूछा कि कोई कार्ड दे गया है क्या, तो पता चला कि कोई नहीं आया। इस दौरान पुत्र ने पिता से रुपए मांगे तो पिता ने कहा कि जेब निकाल लो। इससे पता चला कि रुपए गायब हो गए हैं।

टिप्पणियाँ

popular post

ढीमरखेड़ा के दूरस्थ आधा दर्जन से अधिक गांव पहुंचकर जिला पंचायत सीईओ ने निर्माण एवं विकास कार्यों की नब्ज़ टटोलेते हुए परखी गुणवत्ता, सुश्री कौर ने अच्छे साइट सिलेक्शन की सराहना कर पीठ थपथपाई तो कहीं नाराजगी भी जताई, निर्धारित समयावधि में कार्यों को गुणवत्ता के साथ पूर्ण कराने अधिकारियों को दिए निर्देश

 ढीमरखेड़ा के दूरस्थ आधा दर्जन से अधिक गांव पहुंचकर जिला पंचायत सीईओ ने निर्माण एवं विकास कार्यों की नब्ज़ टटोलेते हुए परखी गुणवत्ता, सुश्री कौर ने अच्छे साइट सिलेक्शन की सराहना कर पीठ थपथपाई तो कहीं नाराजगी भी जताई, निर्धारित समयावधि में कार्यों को गुणवत्ता के साथ पूर्ण कराने अधिकारियों को दिए निर्देश कटनी | भीषण गर्मी, तपती दोपहरी का वक्त,सकरी मेढ़ें, कटीली झाड़ियों और खेतों के बीच पगडंडी मार्ग से ऊबड़ खाबड़ पथरीली राहों में पसीने से तरबतर जिला पंचायत सीईओ सुश्री हरसिमरनप्रीत कौर ने ढाई से तीन किलोमीटर पैदल चलकर विकासखंड ढीमरखेड़ा के दूरस्थ आधा दर्जन से अधिक गांवों में निर्माण एवं विकास कार्यों की नब्ज़ टटोली। इस दौरान उन्होंने ढीमरखेड़ा, कोठी, झिन्ना पिपरिया, भमका, खमतरा पहरुआ एवं अन्य गांव पहुंचकर, नवीन स्वीकृत जनपद पंचायत भवन निर्माण कार्य स्थल,गेहूं खरीदी केंद्र, जल गंगा संवर्धन अभियान के अंतर्गत खेत तालाब, डगवेल, आंगनवाड़ी भवन एवं शासकीय हायर सेकेंडरी स्कूल में लैब एवं अतिरिक्त कक्ष निर्माणाधीन कार्यों की गुणवत्ता को परखा और प्रगति की जानकारी ली। इस दौरान उन्होंने ढीमरखेड़ा म...

आखिर कनिष्ठ आपूर्ति अधिकारी पीयूष शुक्ला की संपत्ति की जांच कब

 आखिर कनिष्ठ आपूर्ति अधिकारी पीयूष शुक्ला की संपत्ति की जांच कब कटनी  |  सरकारी कुर्सी जनता की सेवा के लिए होती है, लेकिन जब वही कुर्सी सवालों के घेरे में आ जाए तो फिर जांच की मांग उठना स्वाभाविक है। इन दिनों क्षेत्र में कनिष्ठ आपूर्ति अधिकारी पीयूष शुक्ला की संपत्ति को लेकर चर्चाओं का बाजार गर्म है। आमजन के बीच यह सवाल लगातार उठ रहा है कि आखिर नौकरी में आने से पहले उनकी आर्थिक स्थिति क्या थी और अब कितनी संपत्ति अर्जित हो चुकी है? यदि सब कुछ नियम और कानून के दायरे में है तो फिर पारदर्शिता से जांच कराने में हिचक कैसी? जनता का कहना है कि शासन की योजनाओं का लाभ गरीबों तक पहुंचाने वाले विभाग में बैठे अधिकारियों की जीवनशैली और बढ़ती संपत्ति पर समय-समय पर निगरानी होना बेहद जरूरी है। राशन व्यवस्था, खाद्यान्न वितरण और सार्वजनिक आपूर्ति प्रणाली सीधे गरीब और मध्यम वर्ग के जीवन से जुड़ी होती है। ऐसे में यदि किसी अधिकारी की संपत्ति अचानक चर्चा का विषय बन जाए तो सवाल उठना लाजिमी है। क्षेत्र में लोग खुलकर कह रहे हैं कि नौकरी से पहले आखिर पीयूष शुक्ला के पास कितनी जमीन, मकान, वाहन और बै...

जनपद अध्यक्ष सुनीता संतोष दुबे ने किया 10 लाख रुपये के विकास कार्यों का भूमि पूजन

 जनपद अध्यक्ष सुनीता संतोष दुबे ने किया 10 लाख रुपये के विकास कार्यों का भूमि पूजन ढीमरखेड़ा ।  जनपद पंचायत ढीमरखेड़ा की जनपद अध्यक्ष सुनीता संतोष दुबे द्वारा ग्राम बिछिया एवं धनवाही में कुल 10 लाख रुपये लागत के विकास कार्यों का विधि-विधान के साथ भूमि पूजन किया गया। भूमि पूजन कार्यक्रम में ग्रामीणों एवं जनप्रतिनिधियों की उत्साहपूर्ण सहभागिता देखने को मिली।कार्यक्रम के दौरान ग्राम बिछिया में 6 लाख रुपये की लागत से बनने वाले सांस्कृतिक भवन निर्माण कार्य का शुभारंभ किया गया। वहीं ग्राम धनवाही में मुख्य मार्ग से पंकज सिंह के घर की ओर 4 लाख रुपये की लागत से बनने वाले ड्रेनेज निर्माण कार्य का भूमि पूजन संपन्न हुआ। इस अवसर पर अनिरुद्ध पांडेय, त्रिवेणी ज्योतिषी, सत्यनारायण पांडेय, ओमप्रकाश गर्ग, रामप्रसाद, मुरारीलाल, सरपंच संजय दाहिया, उपसरपंच विराट पाण्डेय, सचिव, रोजगार सहायक सहित बड़ी संख्या में ग्रामीणजन उपस्थित रहे।कार्यक्रम में उपस्थित ग्रामीणों एवं जनप्रतिनिधियों ने क्षेत्र में हो रहे विकास कार्यों के लिए जनपद अध्यक्ष सुनीता संतोष दुबे का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इन निर्माण क...