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निर्दलीय प्रत्याशी को मिल रहे जनसमर्थन से भाजपा-कांग्रेस चिंतित बड़वारा विधानसभा में बनी त्रिकोणीय स्थिति ,गीता सिंह का सघन जनसंपर्क जारी, मिल रहा मतदाताओं का आर्शीवाद

 निर्दलीय प्रत्याशी को मिल रहे जनसमर्थन से भाजपा-कांग्रेस चिंतित 

बड़वारा विधानसभा में बनी त्रिकोणीय स्थिति ,गीता सिंह का सघन जनसंपर्क जारी, मिल रहा मतदाताओं का आर्शीवाद



ढीमरखेड़ा ।  जिले की बड़वारा विधानसभा से निर्दलीय प्रत्याशी के रूप में चुनाव लड़ रही गीता सिंह को मिल रहे जन समर्थन ने भाजपा और कांग्रेस को चिंता में डाल दिया है।राजनीति के जानकारों का मानना है कि इस बार बड़वारा विधानसभा में त्रिकोणीय स्थिति निर्मित हो सकती है और बड़वारा विधानसभा में ऐसा पहली बार हो रहा है कि दोनों ही प्रमुख दल मतदाताओं के हासिये पर है और निर्दलीय प्रत्याशी के रूप में गीता सिंह मतदाताओं के बीच अपनी पकड़ मजबूत कर रही है। रोजाना दर्जनों गांव में अपने समर्थकों के साथ जाकर विकास का वादा कर रही है।

*पहली बार बनी त्रिकोणीय स्थिति*

यहां पर यह स्मरण रहे कि बड़वारा विधानसभा गठन के बाद पहली बार त्रिकोणीय स्थिति निर्मित हो रही है और यहां से मुख्य मुकाबला निर्दलीय प्रत्याशी गीता सिंह, भाजपा और कांग्रेस प्रत्याशी के बीच हो गया है।  इसके पहले यहां से भाजपा और कांग्रेस के विधायक ही निर्वाचित होते आये है लेकिन इस बार जो स्थिति उभरकर सामने आ रही है वह यह बता रही है कि बड़वारा विधानसभा के मतदाता कुछ नया करने की मंशा में है। 

*जीतने के बाद नहीं आते माननीय* 

संपादक राहुल पाण्डेय के द्वारा बड़वारा विधानसभा के विभिन्न ग्रामों का दौरा कर जमीनी हकीकत जानी। ग्रामीणों ने बताया कि चुनाव जीतने के बाद विधायक दोबारा गांव में नहीं आते है। चुनाव के समय झूठी घोषणाएं करके वोट तो ले लेते हैं लेकिन बाद में उनके दर्शन को नागरिक तरस जाते है।  

*भाजपा-कांग्रेस में पर्दे के पीछे चल रहा खेला*

भाजपा और कांग्रेस को भितरघातियों का डर सता रहा है। टिकट वितरण को लेकर भाजपा में जहां घमासान मचा रहा और बड़वारा विधानसभा से पूर्व विधायक मोती कश्यप ने निर्दलीय प्रत्याशी के रूप में नामांकन जमा किया बाद में पार्टी के मनाने पर वे मान तो गये लेकिन अंदर ही अंदर खेला जारी है। ठीक इसी तरह की स्थिति कांग्रेस में निर्मित हो गई है। दोनों ही दलों को भितरघात की आशंका से इंकार नहीं किया जा सकता।  बुधवार को निर्दलीय प्रत्याशी गीता सिंह ने झिन्नापिपरिया, बांध, सगौना, जिर्री , कटरा, बिजौरी, डूड़ी,पिपरिया सहलावन,कारी पाथर, मढ़ाना, धरवारा,इमलिया, उमरियापान, पचपेढ़ी सहित दर्जनों ग्रामों में सघन जनसंपर्क किया। इस दौरान पारस पटैल, कल्लू पटैल, सोमनाथ पटैल, राजेश आदिवासी, रति यादव, नरेश कोल, मुकेश यादव, भूरा यादव, गोविन्द कुम्हार, राजा कोल, रति पटैल, संतोष राजपाल, अशोक बागरी, अनुज पटैल, भैया सिंह ठाकुर, श्रीकांत ठाकुर, गुड्डा पटैल, नरोत्तम तिवारी, सुभाष पटैल, कमल बर्मन, अज्जू पटैल, रणजीत पटैल, मनोज साहू, जगदीश पटैल सहित समर्थकों की मौजूदगी रही।

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