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जिला जेल से दीवार फांदकर भागने वाला बंदी ललन कोल पकड़ा गया जेल लाइन की नाली में छिपकर बैठा था ललन जिला जेल की ऊंची दीवार फांदने की वजह से बंदी ललन के पैर की हड्डी टूटी

 जिला जेल से दीवार फांदकर भागने वाला बंदी ललन कोल पकड़ा गया

जेल लाइन की नाली में छिपकर बैठा था ललन

जिला जेल की ऊंची दीवार फांदने की वजह से बंदी ललन के पैर की हड्डी टूटी



ढीमरखेड़ा | जिला जेल कटनी की दीवार फांदकर फरार हुए विचाराधीन बंदी 35 वर्षीय ललन कोल निवासी गुड़गुडौहा धकैया मोहल्ला कैमोर को जेल लाइन के समीप बनी नाली से 6 एवं 7अक्टूबर की दरमियानी रात 2.30 बजे गिरफ्तार कर लिया गया है। जिला जेल की दीवार कूदने की वजह से बंदी ललन कोल के पैर की हड्डी टूट गई है। जिससे चलने और भागने में असमर्थ बंदी ललन जेल परिसर में जेल लाइन के समीप ही मलबा और पानी निकासी की नाली में छिपकर बैठा था। शातिर बंदी ललन कोल ने अपने शरीर में नाली के मलबे का ही लेपन कर लिया था ताकि उसे सहजता से देखा ना जा सके । ऐसा करके बंदी ललन ने अपने को काफी देर तक सर्चिंग टीम की नजरों से खुद को छिपाए रखने में कामयाब भी रहा। लेकिन निरंतर जारी सघन सर्चिंग की वजह से बंदी ललन, जेल प्रहरी योगेन्द्र  पटैल की चौकस नज़रों के चलते पकड़ा गया।ललन के फरार होने के बाद से ही जेल परिसर और बाहर पुलिस द्वारा लगातार सर्चिंग की जा रही थी। कलेक्टर अवि प्रसाद जिला जेल से भागे बंदी ललन कोल के सर्चिंग के संबंध में लगातार जानकारी ले रहे थे और पूरी सर्चिंग गतिविधि पर नजर रखे हुए थे। इधर कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी श्री प्रसाद द्वारा बंदी के जिला जेल की दीवार फांदकर भागने की परिस्थितियों की मजिस्ट्रियल जांच हेतु नियुक्त दोनों कार्यपालिक मजिस्ट्रेट संयुक्त कलेक्टर संस्कृति शर्मा और डिप्टी कलेक्टर प्रमोद चतुर्वेदी ने बीती शाम को ही जिला जेल पहुंचकर  देर रात तक सुरक्षा संबंधी विभिन्न पहलुओं की सघन  जांच की और संबंधितों के बयान दर्ज किए। जिला जेल के अधीक्षक प्रभात चतुर्वेदी ने बताया कि दीवार फांदकर भागने वाले बंदी ललन कोल को जेल प्रहरी योगेन्द्र पटैल ने पकड़ा है। उधर इसी मामले में बंदियों की निगरानी और चौकसी मामले में लापरवाही बरतने पर एक जेल प्रहरी रामकंद श्रीवास को दायित्व निर्वहन में लापरवाही बरतने पर तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है।

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