सीधे मुख्य सामग्री पर जाएं

सेंट पॉल स्कूल की, छात्र ने प्रशासन से की शिकायत तिलक लगाकर आने के कारण मिशनरी स्कूल ने थमाई छात्र को टीसी

 सेंट पॉल स्कूल की, छात्र ने प्रशासन से की शिकायत 

तिलक लगाकर आने के कारण मिशनरी स्कूल ने थमाई छात्र को टीसी

ढीमरखेड़ा । स्कूल में तिलक लगाकर आने के कारण एक मिशनरी स्कूल द्वारा छात्र को टीसी थमा कर बाहर का रास्ता दिखाए जाने का एक सनसनीखेज मामला कटनी जिले के सेंट पॉल स्कूल का है। घटना के कारण पीड़ित छात्र ने इसकी शिकायत जिला प्रशासन व शिक्षा विभाग से की है। जहां एक ओर टीसी देने के पीछे छात्र वा उसके अभिभावक तिलक लगाने को कारण बता रहे हैं वहीं दूसरी ओर स्कूल प्रबंधन इस पूरे मामले को अनुशासनहीनता करार दे रहा है। तिलक लगा कर स्कूल से निकाले जाने का यह मामला कटनी जिले में पहली बार प्रकाश में आया है।

कई बार किया था मना

सेंट पॉल स्कूल में पढ़ने वाले 11वीं कक्षा के छात्र मनन रोहरा के पिता लकी रोहरा ने कहा कि मनन प्रतिदिन स्कूल तिलक लगाकर जाता था उसे कई बार स्कूल के शिक्षकों द्वारा स्कूल में तिलक ना लगाकर आने की बात कही गई थी। मनन के स्कूल तिलक लगाकर आने के कारण मिशनरी स्कूल के शिक्षक उससे नाराज रहते थे यही वजह है कि उन्होंने उसे टीसी देकर स्कूल से बाहर कर दिया। मनन को टीसी दिए जाने के पीछे क्या कारण हैं जब यह सवाल हमने स्कूल प्रबंधन से किया तो स्कूल प्रबंधन ने इस के संदर्भ में कोई भी जवाब देने से साफ इंकार कर दिया।

केवल 2 छात्रों पर कार्यवाही

अगर स्कूल प्रबंधन का यह दावा सही है तो फिर वसुधा वॉटरफॉल जाने वाले अन्य छात्रों के खिलाफ स्कूल प्रबंधन ने आखिर कार्यवाही क्यों नही की। बाकी सभी छात्रों को तो स्कूल आने की अनुमति प्रबंधन ने दे दी लेकिन मनन के साथ एक छात्रा को टीसी थमा कर उन्हें बाहर का रास्ता दिखा दिया।

कलेक्टर ने बाल कल्याण समिति अध्यक्ष को सौंपी जांच 

सेंटपाल सीनियर सेकेण्ड्री स्कूल के प्रबंधन पर कक्षा 11वीं के एक छात्र और एक छात्रा को मानसिक रूप से प्रताड़ित करने और दुर्व्यवहार करने के आरोप की जांच अध्यक्ष बाल कल्याण समिति करेंगे।  कलेक्टर अवि प्रसाद के संज्ञान मे मामला आने के बाद उन्होने इस पूरे प्रकरण की वस्तुस्थिति की जांच बाल कल्याण समिति के अध्यक्ष और सदस्य बाल कल्याण समिति से करवाने जिला कार्यक्रम अधिकारी नयन सिंह को निर्देशित किया है। कलेक्टर श्री प्रसाद के निर्देश के बाद जिला कार्यक्रम अधिकारी श्री सिंह ने जांच हेतु जारी पत्र में उल्लेखित किया है कि कैरिन लाइन माधवनगर कटनी निवासी मुकेश खटवानी ने सेंटपाल सीनियर सेकेण्ड्री स्कूल कटनी में कक्षा 11वी में अध्ययनरत उनकी पुत्री को स्कूल प्रबंधन द्वारा मानसिक रूप से प्रताडित किया गया है और बिना किसी कारण बताये स्कूल से टी.सी प्रदान करनें के आरोप लगाये है। इसी प्रकार डायमण्ड स्कूल के पीछे कैरिन लाइन माधवनगर निवासी लकी रोहरा ने कक्षा 11वी में सेंटपाल स्कूल में पढ़ रहे अपने पुत्र को स्कूल प्रबंधन द्वारा मानसिक रूप से प्रताड़ित करने और दुर्व्यवहार करने के आरोप लगाये है। वहीं सेंटपाल सीनियर सेकेण्ड्री स्कूल ने आवेदक लकी रोहरा के द्वारा स्कूल प्रबंधन पर लगाये आरोपों को असत्य एवं निराधार बताया है, जो पृथम दृष्टया संतोषजनक नहीं प्रतीत होना पाया गया। इन सब स्थितियों के मद्देनजर जिला कार्यक्रम अधिकारी ने छात्रों का मामला होने की वजह से दोनों प्रकरणों की जांच कर प्रतिवेदन सौपने का दायित्व बाल कल्याण समिति के अध्यक्ष लाखन सिंह सेवानिवृत्त जज और सदस्य योगेश सिंह बघेल को सौंपा है।

टिप्पणियाँ

popular post

सहायक प्रबंधक तौफिक अहमद हैं भ्रष्टाचार का मास्टर माइंड , बहोरीबंद आजीविका मिशन में करोड़ों रूपये का घोटाला आया सामने, जिपं सीईओ से हुई शिकायत

 सहायक प्रबंधक तौफिक अहमद हैं भ्रष्टाचार का मास्टर माइंड , बहोरीबंद आजीविका मिशन में करोड़ों रूपये का घोटाला आया सामने, जिपं सीईओ से हुई शिकायत    कटनी ।  मध्य प्रदेश राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन के बहोरीबंद विकासखंड में संचालित ममता संकुल स्तरीय संगठन के बैंक खाते में कथित वित्तीय अनियमितताओं को लेकर उच्च अधिकारियों से शिकायत की गई है। शिकायत में तत्कालीन विकासखंड सहायक प्रबंधक तौफिक अहमद पर गंभीर आरोप लगाए गए हैं।शिकायत में कहा गया है कि ग्राम स्लीमनाबाद स्थित ममता संकुल स्तरीय संगठन के बैंक खाते क्रमांक 3790886493 से विभिन्न व्यक्तियों/अन्य बैंक खातों में बड़ी रकम ट्रांसफर की गई। शिकायतकर्ता ने इन लेन-देन की जांच की मांग की है और तौफिक अहमद की भूमिका को लेकर गंभीर सवाल उठाए हैं। दस्तावेज में आरोप लगाया गया है कि आजीविका गतिविधियों के लिए उछऋ को उपलब्ध कराई गई राशि के उपयोग में निर्धारित प्रक्रिया और दिशा-निदेर्शों का पालन नहीं किया गया। शिकायत में लगभग 18.24 लाख के कथित ट्रांसफर का उल्लेख है। इसके अलावा एक अन्य बिंदु में उछऋ खाते से लगभग 1.15 करोड़ से अधिक राशि ट्...

पोड़ी खुर्द में मगरमच्छ दिखने से मचा हड़कंप, ग्रामीणों में दहशत का माहौल, तरियां घाट और स्कूल घाट के बीच ग्राउंड के पीछे मगरमच्छ दिखाई देने की सूचना, लोगों में बढ़ी चिंता

 पोड़ी खुर्द में मगरमच्छ दिखने से मचा हड़कंप, ग्रामीणों में दहशत का माहौल, तरियां घाट और स्कूल घाट के बीच ग्राउंड के पीछे मगरमच्छ दिखाई देने की सूचना, लोगों में बढ़ी चिंता ढीमरखेड़ा ।  कटनी जिले के ढीमरखेड़ा क्षेत्र अंतर्गत ग्राम पोड़ी खुर्द में मगरमच्छ दिखाई देने से ग्रामीणों में दहशत का माहौल निर्मित हो गया है। जानकारी के अनुसार, गांव में तरियां घाट और स्कूल घाट के बीच स्थित ग्राउंड के पीछे मगरमच्छ नजर आया, जिसके बाद स्थानीय लोगों में भय और चिंता बढ़ गई है। ग्रामीणों के बीच मगरमच्छ दिखाई देने की खबर फैलते ही क्षेत्र में सतर्कता का माहौल बन गया।लोगों को आशंका है कि यदि मगरमच्छ आबादी वाले क्षेत्र या घाट के आसपास मौजूद रहता है, तो किसी अप्रिय घटना की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता। विशेष रूप से घाट के आसपास आने-जाने वाले ग्रामीणों और बच्चों की सुरक्षा को लेकर चिंता जताई जा रही है।ग्रामीणों की मांग है कि संबंधित वन विभाग की टीम मौके पर पहुंचकर स्थिति का निरीक्षण करे और मगरमच्छ की मौजूदगी की पुष्टि करते हुए आवश्यक सुरक्षा इंतजाम सुनिश्चित करे, ताकि किसी भी प्रकार की जनहानि की...

एक विक्रेता, कई दुकानें तहसील ढीमरखेड़ा में खाद्यान्न वितरण व्यवस्था पर उठे सवाल सहकारिता एवं खाद्य विभाग की कार्यप्रणाली पर उठे सवाल, एक विक्रेता पर दो-तीन नहीं बल्कि चार दुकानों में वितरण का दबाव बनाने के आरोप

 एक विक्रेता, कई दुकानें तहसील ढीमरखेड़ा में खाद्यान्न वितरण व्यवस्था पर उठे सवाल सहकारिता एवं खाद्य विभाग की कार्यप्रणाली पर उठे सवाल, एक विक्रेता पर दो-तीन नहीं बल्कि चार दुकानों में वितरण का दबाव बनाने के आरोप ढीमरखेड़ा ।  तहसील क्षेत्र में सार्वजनिक वितरण प्रणाली (पीडीएस) के संचालन को लेकर एक नया मामला सामने आया है। आरोप है कि सहकारिता एवं खाद्य विभाग से जुड़े जिम्मेदारों द्वारा एक ही विक्रेता पर दो, तीन यहां तक कि चार अलग-अलग उचित मूल्य दुकानों में खाद्यान्न वितरण का कार्य संभालने का दबाव बनाया जा रहा है। मामले को लेकर स्थानीय स्तर पर सवाल उठ रहे हैं कि आखिर एक विक्रेता से कई दुकानों का संचालन किस नियम और किस आदेश के तहत कराया जा रहा है।बताया जा रहा है कि उचित मूल्य दुकानों के संचालन और खाद्यान्न वितरण की व्यवस्था में विक्रेताओं की जिम्मेदारी निर्धारित रहती है। ऐसे में यदि एक ही व्यक्ति को एक से अधिक दुकानों का वितरण कार्य सौंपा जा रहा है तो इसके पीछे सक्षम अधिकारी का आदेश, निर्धारित प्रक्रिया और नियमों का पालन होना आवश्यक है। क्षेत्र में इसी बिंदु को लेकर चर्चाएं तेज हैं...