सीधे मुख्य सामग्री पर जाएं

कलेक्टर ने नागरिकों से बढ़े जलस्तर वाले नदी- नालों को पार नहीं करने की अपील, जान जोखिम में नहीं डालने आम जनता से सावधानी और सतर्कता बरतने किया आग्रह

 कलेक्टर ने नागरिकों से बढ़े जलस्तर वाले नदी- नालों को पार नहीं करने की अपील, जान जोखिम में नहीं डालने आम जनता से सावधानी और सतर्कता बरतने किया आग्रह



कटनी ।  कलेक्टर श्री दिलीप कुमार यादव ने मानसून के दौरान बारिश को देखते हुए आम नागरिकों से इस दौरान सावधानी बरतने की अपील की है। जिससे की इस दौरान किसी भी प्रकार की जन-धन की हानि की रोकथाम सुनिश्चित हो सके।कलेक्टर श्री यादव ने कहा है  की मौसमी नदी -नालों  के जलस्तर में वृद्धि होने पर उनसे सुरक्षित दूरी बना कर रखें। नदी -नालों के उफान पर होने पर रपटा,पुल -पुलिया के ऊपर से पानी बहने की स्थिति में इसे  वाहन सहित या पैदल पार करने का दुस्साहस बिल्कुल नहीं करें। किसी भी हाल में जान जोखिम में न डालें। ऐसा खुद भी करें और दूसरों को भी बढ़े जलस्तर वाले जल स्त्रोत नदी -नाले से  सुरक्षित दूरी बनाकर रखने की सलाह दें। कलेक्टर श्री यादव ने सभी एसडीएम, तहसीलदार और नायब तहसीलदार सहित जनपद पंचायतों के मुख्य कार्यपालन अधिकारियों को निर्देशित किया है कि वे अपने कार्य क्षेत्र के  संभावित जल भराव वाले निचले हिस्से और तटीय इलाकों पर नजर रखें। कलेक्टर ने आपदा राहत की विगत दिनों आयोजित बैठक में अधिकारियों को निर्देशित किया था कि ज़रूरत के मुताबिक स्थानीय परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए पशुधन और लोगों को सुरक्षित स्थानों पर शिफ्ट करने के लिए स्थलों का पहले से चयन कर लें और खाद्यान्न सहित दवाइयों की भी पर्याप्त व्यवस्था कर लेवें।

*पानी उफान पर होने पर पुल-पुलिया पार नहीं करें*

बारिश से नदी -नालों एवं निचले इलाकों में पानी का स्तर अचानक तेजी से बढ़ता है, विशेष कर पहाड़ी क्षेत्रों में नदी नालों में जल्दी ही पानी का स्तर बढ़ जाता है। ऐसे में जलस्तर  के घटने का इंतजार करें या कहीं आने-जाने के लिए वैकल्पिक मार्ग का उपयोग करें।  लेकिन किसी भी स्थिति में उफान और बढ़े जलस्तर वाले पुल- पुलिया, नदी- नालों को पार नहीं करें। जिंदगी अनमोल है, छोटी सी गलती और दुस्साहस से जीवन को संकट में न डालें। कलेक्टर श्री  यादव ने जिले के आमजनों से अपील की  है कि वे नदी- नालों व जलभराव वाले स्थानों से दूर रहें। सड़क और पुल के उपर से पानी बहने की स्थिति में उस जगह को पार करने का जोखिम बिल्कुल भी ना उठाएं। शिक्षकों को भी निर्देशित किया गया है कि वे छात्रों को बतायें कि नदी -नालों के ऊपर पानी का बहाव होने पर इस स्थान से सुरक्षित दूरी बना कर रखें, इसे पार करने का जोखिम न उठाएं।

  *रील व सेल्फी के चक्कर में जान जोखिम में न डालें* 

मानसून के सक्रिय होने से मौसम भी  सुहाना हो चुका है। ऐसे  में नदी - नालों ,पुल- पुलिया के किनारे और प्राकृतिक झरने वाले स्पॉट्स लोगों की पहली पसंद होती है। ऐसे में मौसम का लुत्फ - जरूर उठाएँ लेकिन रील बनाने,सेल्फी लेने और रोमांच के चक्कर में अपनी और अपने परिवार की जान से खिलवाड़ न करें, विशेष कर बच्चों को तेज पानी के बहाव वाले स्थान पर न जाने दें।क्योंकि लगातार हो रही बारिश के कारण कब, कहाँ से पानी का बहाव तेज हो जाए, ये किसी को नहीं पता। जिला प्रशासन और पुलिस  आपको समझाइश दे सकता है और अलर्ट कर सकता है, लेकिन अंतिम निर्णय आपकी समझदारी पर ही निर्भर होगा।

टिप्पणियाँ

popular post

शिक्षक अवनीश कांत मिश्रा को अंतिम विदाई, गमगीन माहौल में उमड़ा जनसैलाब, हर आँख नम, ज्ञान का दीप बुझा, शिक्षक अवनीश कांत मिश्रा के अंतिम संस्कार में फूटा जनसैलाब, शिक्षा जगत का अनमोल रत्न हुआ पंचतत्व में विलीन, अवनीश कांत मिश्रा को नम आँखों से विदाई, गुरु को अंतिम प्रणाम, अवनीश कांत मिश्रा के अंतिम दर्शन को उमड़ा पूरा क्षेत्र, जिसने सिखाया जीना, आज उसी को रोते हुए दी अंतिम विदाई, शिक्षक नहीं, संस्कार थे अवनीश कांत मिश्रा अंतिम संस्कार में छलका जनसमुदाय का दर्द

 शिक्षक अवनीश कांत मिश्रा को अंतिम विदाई, गमगीन माहौल में उमड़ा जनसैलाब, हर आँख नम, ज्ञान का दीप बुझा, शिक्षक अवनीश कांत मिश्रा के अंतिम संस्कार में फूटा जनसैलाब, शिक्षा जगत का अनमोल रत्न हुआ पंचतत्व में विलीन, अवनीश कांत मिश्रा को नम आँखों से विदाई, गुरु को अंतिम प्रणाम, अवनीश कांत मिश्रा के अंतिम दर्शन को उमड़ा पूरा क्षेत्र, जिसने सिखाया जीना, आज उसी को रोते हुए दी अंतिम विदाई, शिक्षक नहीं, संस्कार थे अवनीश कांत मिश्रा अंतिम संस्कार में छलका जनसमुदाय का दर्द ढीमरखेड़ा |  ग्राम झिन्ना पिपरिया के प्रतिष्ठित कोपारिहा परिवार में जन्मे, जरूरतमंदों की सहायता के लिए सदैव तत्पर रहने वाले वरिष्ठ शिक्षक श्री अवनीश कांत मिश्रा का निधन क्षेत्र के लिए अपूरणीय क्षति है। वे श्री सीताराम जी मिश्रा के बड़े सुपुत्र थे और अपने सरल स्वभाव, कर्मठता व सेवा भावना के लिए विशेष रूप से जाने जाते थे। श्री मिश्रा बचपन से ही मेधावी रहे और उन्होंने शिक्षा के क्षेत्र में उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल करते हुए ट्रिपल एम.ए. तक की पढ़ाई पूर्ण की। शिक्षा के प्रति उनके समर्पण का परिचय वर्ष 1994-95 में देखने को मिला,...

प्राचार्य की पोस्ट ने पार की सारी हदें, हाईकोर्ट और ब्राह्मण समाज पर टिप्पणी से भड़का जनाक्रोश, सड़क से सोशल मीडिया तक विरोध, कॉलेज प्राचार्य ने हाई कोर्ट और ब्राह्मण समाज पर की अभद्र टिप्पणी, जांच के आदेश सोशल मीडिया पोस्ट से मचा बवाल, निलंबन और एफआईआर की मांग

 प्राचार्य की पोस्ट ने पार की सारी हदें, हाईकोर्ट और ब्राह्मण समाज पर टिप्पणी से भड़का जनाक्रोश, सड़क से सोशल मीडिया तक विरोध, कॉलेज प्राचार्य ने हाई कोर्ट और ब्राह्मण समाज पर की अभद्र टिप्पणी, जांच के आदेश सोशल मीडिया पोस्ट से मचा बवाल, निलंबन और एफआईआर की मांग कटनी ।  ढीमरखेड़ा स्थित शासकीय महाविद्यालय के प्रभारी प्राचार्य बृजलाल अहिरवार एक बार फिर विवादों में घिर गए हैं। आरोप है कि उन्होंने सोशल मीडिया पर माननीय हाई कोर्ट और ब्राह्मण समाज के खिलाफ अभद्र, अमर्यादित और आपत्तिजनक भाषा का प्रयोग किया, जिसके बाद मामला प्रशासन और पुलिस तक पहुंच गया है। गंभीरता को देखते हुए जांच के आदेश जारी कर दिए गए हैं। *सोशल मीडिया पोस्ट से भड़का विवाद* जानकारी के अनुसार, प्रभारी प्राचार्य ने अपने फेसबुक अकाउंट से एक पोस्ट साझा की थी, जिसमें कथित तौर पर हाई कोर्ट के लिए अपमानजनक शब्दों का इस्तेमाल किया गया, वहीं ब्राह्मण समाज को लेकर भी आपत्तिजनक टिप्पणियां की गईं। पोस्ट के सामने आते ही क्षेत्र में नाराजगी फैल गई और सामाजिक संगठनों ने इसका कड़ा विरोध शुरू कर दिया। *जनसुनवाई में पहुंची शिकायत* ...

रोजगार सहायक संघ ने ब्रजेश पाठक के समर्थन में लिखा पत्र, आरोपों को बताया निराधार

 रोजगार सहायक संघ ने ब्रजेश पाठक के समर्थन में लिखा पत्र, आरोपों को बताया निराधार कटनी  |  ढीमरखेड़ा जनपद पंचायत में पदस्थ सहायक लेखा अधिकारी ब्रजेश पाठक को लेकर चल रही चर्चाओं के बीच रोजगार सहायक संघ खुलकर उनके समर्थन में सामने आया है।रोजगार सहायक संघ के जिला अध्यक्ष मुकेश त्रिपाठी एवं ढीमरखेड़ा ब्लॉक के रोजगार सहायक संघ अध्यक्ष अजय त्रिपाठी ने संयुक्त रूप से एक पत्र लिखकर ब्रजेश पाठक के पक्ष में अपना स्पष्ट रुख रखा है। संघ पदाधिकारियों द्वारा लिखे गए पत्र में कहा गया है कि सहायक लेखा अधिकारी ब्रजेश पाठक एक स्पष्ट एवं बेदाग छवि के अधिकारी हैं। उनके विरुद्ध जो भी आरोप लगाए जा रहे हैं, वे पूरी तरह से आपसी रंजिश और व्यक्तिगत द्वेष के चलते लगाए जा रहे हैं। पत्र में यह भी उल्लेख किया गया है कि कुछ लोग जानबूझकर उनकी छवि को धूमिल करने का प्रयास कर रहे हैं, जबकि वास्तविकता इससे बिल्कुल विपरीत है। रोजगार सहायक संघ के अनुसार ब्रजेश पाठक का व्यवहार हमेशा शांत, संयमित और मिलनसार रहा है।वे कार्यालय में आने वाले प्रत्येक कर्मचारी और जनप्रतिनिधि की बात को ध्यानपूर्वक सुनते हैं और नियमो...