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ग्राम पंचायत आमाझाल की सरपंच प्रेमलता विनोद गौतम , विकास कार्यों में सक्रिय, सरपंच नहीं में जनता की सेवक ऐसी रखती हैं भावना और विचारधारा

 ग्राम पंचायत आमाझाल की सरपंच प्रेमलता विनोद गौतम , विकास कार्यों में सक्रिय, सरपंच नहीं में जनता की सेवक ऐसी रखती हैं भावना और विचारधारा 



ढीमरखेड़ा |  ग्राम पंचायत आमाझाल, जनपद पंचायत ढीमरखेड़ा, जिला कटनी की सरपंच प्रेमलता विनोद गौतम विकास कार्यों को लेकर हमेशा सक्रिय रहती हैं। अपने कार्यकाल के दौरान उन्होंने पंचायत में कई महत्वपूर्ण योजनाओं को सफलतापूर्वक लागू किया है।उनकी कार्यशैली पारदर्शी और जनहितैषी रही है, जिसके चलते आमाझाल पंचायत के लोग उन्हें एक कर्मठ और ईमानदार जनप्रतिनिधि मानते हैं, लिहाज़ा आमाझाल पंचायत में विकास की कई चुनौतियाँ थीं, जिनमें प्रमुख रूप से जल आपूर्ति, सड़कें, शिक्षा, स्वास्थ्य सेवाएँ और रोजगार की समस्या शामिल थी। यहाँ के लोग पहले बुनियादी सुविधाओं के लिए संघर्ष करते थे, लेकिन जब से प्रेमलता विनोद गौतम ने सरपंच का कार्यभार संभाला, तब से पंचायत में विकास कार्यों की गति तेज हो गई। उन्होंने प्राथमिकता के आधार पर जल जीवन मिशन, प्रधानमंत्री आवास योजना, मनरेगा, पंचायत भवन निर्माण, शौचालय निर्माण और सड़क निर्माण कार्यों को आगे बढ़ाया।

*जल जीवन मिशन के तहत हर घर को नल से जल*

गाँव में पानी की समस्या एक गंभीर मुद्दा थी। कई घरों में पीने के पानी के लिए दूर-दूर तक जाना पड़ता था। प्रेमलता विनोद गौतम ने जल जीवन मिशन के तहत हर घर में नल से जल पहुँचाने के लिए कार्य किया। पंचायत में पानी की पाइपलाइन बिछाने का काम तेजी से कराया गया। उन्होंने स्वयं मौके पर पहुँचकर कार्यों की गुणवत्ता की जाँच की और सुनिश्चित किया कि ग्रामीणों को स्वच्छ और पर्याप्त मात्रा में पानी मिले।

*प्रधानमंत्री आवास योजना में पारदर्शिता*

गाँव में कई गरीब परिवार ऐसे थे जिनके पास पक्के मकान नहीं थे। प्रेमलता विनोद गौतम ने प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत पात्र लोगों को योजना का लाभ दिलाने में विशेष योगदान दिया। उन्होंने यह सुनिश्चित किया कि आवास योजना में किसी भी प्रकार की धांधली न हो और सभी पात्र लाभार्थियों को समय पर उनके मकान निर्माण के लिए राशि मिले।

*मनरेगा के तहत रोजगार उपलब्ध कराना*

गाँव के लोगों को रोजगार देने के लिए मनरेगा (महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम) के तहत कई योजनाएँ लागू की गईं। सरपंच ने यह सुनिश्चित किया कि मजदूरों को समय पर भुगतान मिले और गाँव में सड़क निर्माण, तालाब खुदाई, वृक्षारोपण, और जल संरक्षण जैसे कार्यों में लोगों को अधिकतम रोजगार मिले।

*सड़क निर्माण और पंचायत भवन का निर्माण*

पंचायत के कई मोहल्लों और गाँवों को जोड़ने वाली सड़कों की हालत पहले बहुत खराब थी। प्रेमलता विनोद गौतम ने इन सड़कों के निर्माण के लिए पंचायत और जिला प्रशासन से फंड स्वीकृत कराकर निर्माण कार्य शुरू करवाया। अब गाँव में पक्की सड़कें हैं, जिससे लोगों को आवागमन में आसानी हो रही है। साथ ही, पंचायत भवन का निर्माण भी कराया गया ताकि पंचायत के कार्य सुचारू रूप से हो सकें और ग्रामसभा की बैठकों के लिए उचित स्थान मिल सके।

*महिलाओं के सशक्तिकरण के लिए कार्य*

सरपंच प्रेमलता विनोद गौतम महिलाओं के सशक्तिकरण को लेकर भी सक्रिय हैं। उन्होंने स्वयं सहायता समूहों को बढ़ावा दिया और महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए सिलाई, कढ़ाई, और अन्य व्यवसायिक प्रशिक्षण दिलाने का कार्य किया। इससे गाँव की महिलाओं को स्वरोजगार के अवसर मिले और वे आर्थिक रूप से मजबूत हुईं।

*स्वच्छता अभियान और पर्यावरण संरक्षण*

गाँव को स्वच्छ और सुंदर बनाने के लिए उन्होंने स्वच्छ भारत अभियान को गंभीरता से लागू किया। खुले में शौच मुक्त (ओडीएफ) बनाने के लिए हर घर में शौचालय निर्माण को बढ़ावा दिया। इसके अलावा, पर्यावरण संरक्षण के लिए गाँव में सैकड़ों पेड़ लगाए गए और लोगों को जागरूक किया गया।

*ग्रामसभा की बैठक और जनता से संवाद*

सरपंच होने के नाते प्रेमलता विनोद गौतम ने ग्रामसभा की बैठकों को नियमित रूप से आयोजित किया, जिसमें गाँव की समस्याओं पर चर्चा की जाती है और उनके समाधान के लिए कार्ययोजना बनाई जाती है। उनका मानना है कि जनता से संवाद ही विकास का सबसे महत्वपूर्ण तरीका है।

*भ्रष्टाचार के खिलाफ कड़ा रुख*

उन्होंने अपने कार्यकाल में भ्रष्टाचार के खिलाफ सख्त रुख अपनाया। किसी भी सरकारी योजना में अनियमितता बर्दाश्त नहीं की गई। पंचायत में जो भी कार्य कराए गए, वे पूरी पारदर्शिता के साथ किए गए, जिससे जनता में उनकी छवि ईमानदार और कर्मठ जनप्रतिनिधि की बनी । ग्राम पंचायत आमाझाल की सरपंच प्रेमलता विनोद गौतम ने अपने कार्यकाल में विकास कार्यों को प्राथमिकता दी है। उन्होंने जनता की समस्याओं को समझकर उन्हें हल करने की दिशा में ठोस कदम उठाए हैं। उनके प्रयासों से आमाझाल पंचायत में शिक्षा, स्वास्थ्य, स्वच्छता, जल आपूर्ति, सड़क निर्माण, और महिलाओं के सशक्तिकरण में बड़े बदलाव आए हैं। वे एक कर्मठ और जनसेवी नेता हैं, जो हर कार्य में स्वयं नज़र रखती हैं और गाँव के सर्वांगीण विकास के लिए पूरी ईमानदारी से कार्य कर रही हैं। उनकी मेहनत और समर्पण ने आमाझाल पंचायत को विकास की नई ऊँचाइयों तक पहुँचाया है।

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