सीधे मुख्य सामग्री पर जाएं

मनरेगा अब नई उड़ान पर जनपद पंचायत ढ़ीमरखेड़ा में 99 प्रतिशत मजदूरों की उपस्थिति दर्ज

 मनरेगा अब नई उड़ान पर

जनपद पंचायत ढ़ीमरखेड़ा में 99 प्रतिशत मजदूरों की उपस्थिति दर्ज



ढीमरखेड़ा  |  नित नए प्रयोग पूरी पारदर्शिता एवं समय पर मजदूरी का हो भुगतान अधिक से अधिक श्रमिकों को स्थानीय स्तर पर ही मिले रोजगार। इस बहु आयामी उद्देश्य की पूर्ति हेतु मनरेगा योजना अपने नवीन स्वरूप में गतिमान है। जनपद पंचायत ढीमरखेड़ा जहां वित्तीय वर्ष 2023-2024 में अब तक सबसे अधिक मानवदिवस सृजन करने वाली जनपद है। इसी प्रकार एनएमएमएस के माध्यम से मजदूरों की उपस्थिति 99 प्रतिशत दर्ज की गई है जो अब तक जिला कटनी में सबसे अधिक है। जल संरक्षण एवं संवर्धन के कार्य वर्तमान में मनरेगा योजनांतर्गत जनपद पंचायत ढीमरखेड़ा में सबसे अधिक हो रहे हैं। आज एन.आर.एम कार्याे में ढीमरखेड़ा 58 प्रतिशत खर्च कर प्रथम स्था न पर है। पूर्ण कार्याे के जियो टैग, विगत वर्षाे के अपूर्ण कार्याे को पूर्ण करने आदि में जनपद पंचायत ढीमरखेड़ा जिले में अग्रणी पंक्ति में है।आधार आधारित भुगतान (एबीपीएस) 54 हजार 200 सक्रिय श्रमिको को आधार आधारित भुगतान करते हुये जनपद पंचायत ढीमरखेड़ा जिले में अव्वल स्थान पर है। निश्चित रूप से संसाधनों की न्यूनतम उपलब्ध्ता के उपरांत ग्राम पंचायतों में योजना के क्रियान्वयन में अपना सर्वश्रेष्ठं प्रयास किया है। ग्राम पंचायत कचनारी इटौली एवं ढीमरखेड़ा जिले की प्रथम ग्राम पंचायत हैं जो 100 प्रतिशत आधार आधारित भुगतान कर रही हैं। मनरेगा योजना के प्रभारी डॉक्टर अजीत सिंह से बताया कि कलेक्ट़र अवि प्रसाद के निर्देशन, मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत शिशिर गेमावत के कुशल मार्गदर्शन एवं जनपद पंचायत ढीमरखेड़ा के मुख्य कार्यपालन अधिकारी यजुवेन्द्र  कोरी के मार्गदर्शन एवं लगातार प्रेरणा से यह कार्य संभव हो सका है। सहायक यंत्री, समस्त उपयंत्रियों के लगातार प्रयास से योजना को नई उड़ान मिल रही है।


टिप्पणियाँ

popular post

शिक्षक अवनीश कांत मिश्रा को अंतिम विदाई, गमगीन माहौल में उमड़ा जनसैलाब, हर आँख नम, ज्ञान का दीप बुझा, शिक्षक अवनीश कांत मिश्रा के अंतिम संस्कार में फूटा जनसैलाब, शिक्षा जगत का अनमोल रत्न हुआ पंचतत्व में विलीन, अवनीश कांत मिश्रा को नम आँखों से विदाई, गुरु को अंतिम प्रणाम, अवनीश कांत मिश्रा के अंतिम दर्शन को उमड़ा पूरा क्षेत्र, जिसने सिखाया जीना, आज उसी को रोते हुए दी अंतिम विदाई, शिक्षक नहीं, संस्कार थे अवनीश कांत मिश्रा अंतिम संस्कार में छलका जनसमुदाय का दर्द

 शिक्षक अवनीश कांत मिश्रा को अंतिम विदाई, गमगीन माहौल में उमड़ा जनसैलाब, हर आँख नम, ज्ञान का दीप बुझा, शिक्षक अवनीश कांत मिश्रा के अंतिम संस्कार में फूटा जनसैलाब, शिक्षा जगत का अनमोल रत्न हुआ पंचतत्व में विलीन, अवनीश कांत मिश्रा को नम आँखों से विदाई, गुरु को अंतिम प्रणाम, अवनीश कांत मिश्रा के अंतिम दर्शन को उमड़ा पूरा क्षेत्र, जिसने सिखाया जीना, आज उसी को रोते हुए दी अंतिम विदाई, शिक्षक नहीं, संस्कार थे अवनीश कांत मिश्रा अंतिम संस्कार में छलका जनसमुदाय का दर्द ढीमरखेड़ा |  ग्राम झिन्ना पिपरिया के प्रतिष्ठित कोपारिहा परिवार में जन्मे, जरूरतमंदों की सहायता के लिए सदैव तत्पर रहने वाले वरिष्ठ शिक्षक श्री अवनीश कांत मिश्रा का निधन क्षेत्र के लिए अपूरणीय क्षति है। वे श्री सीताराम जी मिश्रा के बड़े सुपुत्र थे और अपने सरल स्वभाव, कर्मठता व सेवा भावना के लिए विशेष रूप से जाने जाते थे। श्री मिश्रा बचपन से ही मेधावी रहे और उन्होंने शिक्षा के क्षेत्र में उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल करते हुए ट्रिपल एम.ए. तक की पढ़ाई पूर्ण की। शिक्षा के प्रति उनके समर्पण का परिचय वर्ष 1994-95 में देखने को मिला,...

प्राचार्य की पोस्ट ने पार की सारी हदें, हाईकोर्ट और ब्राह्मण समाज पर टिप्पणी से भड़का जनाक्रोश, सड़क से सोशल मीडिया तक विरोध, कॉलेज प्राचार्य ने हाई कोर्ट और ब्राह्मण समाज पर की अभद्र टिप्पणी, जांच के आदेश सोशल मीडिया पोस्ट से मचा बवाल, निलंबन और एफआईआर की मांग

 प्राचार्य की पोस्ट ने पार की सारी हदें, हाईकोर्ट और ब्राह्मण समाज पर टिप्पणी से भड़का जनाक्रोश, सड़क से सोशल मीडिया तक विरोध, कॉलेज प्राचार्य ने हाई कोर्ट और ब्राह्मण समाज पर की अभद्र टिप्पणी, जांच के आदेश सोशल मीडिया पोस्ट से मचा बवाल, निलंबन और एफआईआर की मांग कटनी ।  ढीमरखेड़ा स्थित शासकीय महाविद्यालय के प्रभारी प्राचार्य बृजलाल अहिरवार एक बार फिर विवादों में घिर गए हैं। आरोप है कि उन्होंने सोशल मीडिया पर माननीय हाई कोर्ट और ब्राह्मण समाज के खिलाफ अभद्र, अमर्यादित और आपत्तिजनक भाषा का प्रयोग किया, जिसके बाद मामला प्रशासन और पुलिस तक पहुंच गया है। गंभीरता को देखते हुए जांच के आदेश जारी कर दिए गए हैं। *सोशल मीडिया पोस्ट से भड़का विवाद* जानकारी के अनुसार, प्रभारी प्राचार्य ने अपने फेसबुक अकाउंट से एक पोस्ट साझा की थी, जिसमें कथित तौर पर हाई कोर्ट के लिए अपमानजनक शब्दों का इस्तेमाल किया गया, वहीं ब्राह्मण समाज को लेकर भी आपत्तिजनक टिप्पणियां की गईं। पोस्ट के सामने आते ही क्षेत्र में नाराजगी फैल गई और सामाजिक संगठनों ने इसका कड़ा विरोध शुरू कर दिया। *जनसुनवाई में पहुंची शिकायत* ...

सिकमी नामा पोर्टल फेल होने से बड़वारा विधानसभा के किसान संकट में, विधायक धीरेन्द्र बहादुर सिंह ने मुख्यमंत्री मोहन यादव को लिखा पत्र, योगेंद्र सिंह दादा ठाकुर ने मीडिया को कराया अवगत

 सिकमी नामा पोर्टल फेल होने से बड़वारा विधानसभा के किसान संकट में, विधायक धीरेन्द्र बहादुर सिंह ने मुख्यमंत्री मोहन यादव को लिखा पत्र, योगेंद्र सिंह दादा ठाकुर ने मीडिया को कराया अवगत  कटनी  |  कटनी जिले की बड़वारा विधानसभा के किसानों के सामने इन दिनों एक गंभीर प्रशासनिक और तकनीकी संकट खड़ा हो गया है। खेती-किसानी पर निर्भर हजारों किसान इस समय गहरी चिंता और असमंजस की स्थिति में हैं।कारण है सिकमी नामा से जुड़े किसानों का पंजीयन पोर्टल पर फेल हो जाना, जिसके चलते वे समर्थन मूल्य पर धान का विक्रय नहीं कर पा रहे हैं। यह समस्या केवल तकनीकी नहीं, बल्कि सीधे-सीधे किसानों की आजीविका से जुड़ी हुई है। इस गंभीर मुद्दे को लेकर क्षेत्रीय विधायक धीरेन्द्र बहादुर सिंह ने प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव को एक पत्र लिखकर बड़वारा विधानसभा के किसानों की पीड़ा से अवगत कराया है।विधायक ने पत्र में स्पष्ट रूप से उल्लेख किया है कि सिकमी नामा पर खेती करने वाले किसानों का पंजीयन पोर्टल में अस्वीकार हो रहा है, जिसके कारण वे सरकारी खरीदी केंद्रों पर अपनी उपज नहीं बेच पा रहे हैं। बड़वारा विधान...